पटना, वरीय संवाददाता। राजधानी में प्याज की कीमतें लगातार चढ़ती जा रही हैं। एक महीने पहले तक 32-34 रुपये किलो बिकने वाला प्याज रविवार को सौ रुपये के नजदीक पहुंच गया। पटना के अलग-अलग मोहल्लों में नासिक प्याज 80 से 90 रुपये प्रति किलो के बीच बिक रहा है। राजेंद्र नगर व मीठापुर सब्जी मंडी में अच्छी किस्म (ए ग्रेड) की प्याज 80 रुपये व बी ग्रेड वाले प्याज की कीमत 65 से 70 रुपये प्रतिकिलो रही।
300 टन प्रतिदिन प्याज की खपत है पटना में
बिहार प्याज एसोसिएशन के अध्यक्ष आनंद रंजन रिंकू के मुताबिक एक महीने पहले थोक मंडी में प्याज की कीमत 25 से 28 रुपये किलो के बीच थी। यह बढ़कर 50 से 52 रुपये हो गई है। प्याज की महंगाई खुदरा दुकानदारों द्वारा मनमानी कीमत तय करने के कारण हुई है। प्याज सहित अन्य सब्जियों की थोक मंडी की कीमत से 70 से 80 प्रतिशत तक ज्यादा कीमत खुदरा बाजार में होती है। इसे नियंत्रित किया जाना चाहिए। थोक मंडियों में लगातार प्याज की आवक कम होने से इसकी किल्लत हुई है। रविवार को पटना की थोक मंडियों में प्याज की दो से तीन गाड़ियां ही पहुंच सकीं। सीजन में यहां 10 बड़ी गाड़ी से ज्यादा प्याज की आवक रहती है। बिहार प्याज एसोसिएशन के अध्यक्ष ने बताया कि केवल पटना में प्रतिदिन 300 टन से ज्यादा प्याज की खपत है।
प्याज के अलावा बाजार में खीरा, गाजर और बीट की कीमतें भी आसमान छू रही हैं।
बोरिंग रोड, आनंदपुरी इलाके में रविवार को गाजर की कीमत 70 रुपये किलो रही, जबकि मीठापुर मंडी में गाजर की कीमत 40 से 50 रुपये किलो के बीच रही। इसी तरह खीरा की कीमत भी अलग-अलग मोहल्लों में अलग-अगल रही। राजेन्द्र नगर में खीरा 50 रुपये किलो और जगदेवपथ में यह 60 रुपये किलो तक बिका। इसके अलावा बीट की भी कीमत सब्जी मंडियों में 50 रुपये से 60 रुपये के बीच रही। थोक विक्रेता राम कुमार बताते हैं कि 15 से 20 दिनों में जयपुर (राजस्थान) का गाजर व जल्ला का बीट बाजार में पहुंचेगा तब इनकी कीमतें कम होंगी।